'ऑस्ट्रेलिया से मिली हार ने टीम को जगाने वाली चेतावनी का काम किया'- सिमरनजीत सिंह   

भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने ग्रुप चरणों में ऑस्ट्रेलिया से मिली 1-7 की हार के बाद वापसी की और टोक्यो 2020 में कांस्य पदक जीता। 

लेखक दिनेश चंद शर्मा

भारत के स्ट्राइकर सिमरनजीत सिंह (Simranjeet Singh) का मानना है कि ग्रुप चरणों में ऑस्ट्रेलिया से 1-7 की हार टोक्यो 2020 में पुरुष हॉकी टीम जगाने वाली चेतावनी थी। इसने टीम में नई जान फूंक दी। क्योंकि, टीम बाकी टूर्नामेंट के लिए बड़े उद्देश्य के साथ खेले और कांस्य पदक जीता। 

न्यूजीलैंड पर 3-2 से जीत के साथ अपने टोक्यो 2020 अभियान की शुरुआत करने के बाद भारत को आस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों ने बुरी तरह शिकस्त दी, जिससे उनकी पदक साख पर चिंता बढ़ गई। भारत कभी हॉकी में पावरहाउस रहा और मॉस्को 1980 ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने के बाद से खेल में ओलंपिक पदक नहीं जीता था। 

24 वर्षीय सिमरनजीत सिंह ने इंडिया टीवी को बताया, "ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हार हमारे लिए एक जगाने वाली चेतावनी थी।" 

“मुझे लगता है कि हम हारने से पहले अपने कम्फर्ट जोन में थे। हमें कोच और कप्तान द्वारा कहा गया था कि चीजों को जटिल न करें और टीमों के खिलाफ आसान चयन की उम्मीद न करें। पदक के लिए चुनौती का सामना करने के लिए हमें अपने कम्फर्ट जोन से बाहर आना पड़ा।”

लेकिन, भारत हार के बाद फिर से एकजुट हुआ और 40 से अधिक वर्षों में अपना सर्वश्रेष्ठ ग्रुप स्टेज प्रदर्शन किया। उन्होंने स्पेन पर 3-0 से जीत के साथ वापसी की और गत चैंपियन अर्जेंटीना पर मनोबल बढ़ाने वाली 3-1 से जीत दर्ज की। भारत ने ग्रुप चरण का अंत मेजबान जापान पर 5-3 से जीत के साथ ग्रुप A में अपने पांच ग्रुप मैचों में चार में जीत दर्ज कर दूसरे स्थान पर रहा। 

सिमरनजीत सिंह ने भारत की सफलता की कहानी में अपनी भूमिका निभाई। उन्होंने भारत के कांस्य पदक मुकाबले के दौरान स्पेन के खिलाफ एक और जर्मनी के खिलाफ दो गोल किए। भारतीय हॉकी टीम जर्मनों के खिलाफ शानदार फॉर्म में थी, क्योंकि उन्होंने ओलंपिक पदक का पीछा किया था। भारत 60 मिनट की आकर्षक भिड़ंत के बाद 5-4 से जीत दर्ज करते हुए 41 साल बाद हॉकी में अपना पहला ओलंपिक पदक हासिल किया। 

उन्होंने कहा, "कांस्य पदक के बाद अब हम अपना ध्यान आगामी मैचों पर केंद्रित कर रहे हैं, जिससे एशियाई खेलों, विश्व कप और राष्ट्रमंडल खेलों के लिए हमारे कौशल में सुधार होगा।" 

सिमरनजीत 2018 चैंपियंस ट्रॉफी में रजत पदक जीतने वाली तथा 2016 जूनियर विश्व कप में स्वर्ण पदक जीतने वाली टीम का भी हिस्सा थे।